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पेरिस पर आतंकी हमला - 

सीरिया पर हमले का जवाब ?



दुनिया के सबसे खूबसूरत शहरों में शुमार पेरिस उस वक्त बदरंग हो गया जब पेरिस के इतिहास का सबसे बड़ा आतंकी हमला हुआ.. इस आतंकी हमले क निशाने पर फ्रांस के राष्ट्रपति फ्रांस्वा ओलांद भी थे.. हालांकि वो इस कायराना हमले में बच गए..लेकिन अपने सैंकड़ो नागरिकों को वो नहीं बचा पाए.. "  मैंने उनकी बातों को ध्यान से सुना.. वो कह रहे थे.. ये ओलांद की गलती है.. ये तुम्हारे राष्ट्रपति की गलती है.. उन्हें सीरिया के मामले में दखल नहीं देना चाहिए था.. वो इराक के बारे में भी कह रहे थे"
तो क्या ये हमला वाकई सीरिया और इराक में is आतंकियों पर हुए हमले के खिलाफ में किया गया .. तो क्या is के आतंकियों ने फ्रांस की सरकार से सीरिया में हुए हमलों का बदला लिया है..
ISIS ने इन हमलों की जिम्मेदारी लेकर फ्रांस सरकार को खुला चैलेंज किया है.. ISIS के चंद आतंकियों ने पूरे शहर के अमन चैन को बर्बाद कर दिया और मौत का ऐसा खेल खेला जिससे पूरी दुनिया हैरान रह गई.. ISIS ने ये साफ कर दिया है कि ये सीरिया पर फ्रांस द्वारा किए गए हमले का जवाब है..
दरअसल इस साल फ्रांस ने अब तक तीन बार सीरिया में हमला किया है.. 27 सितंबर 2015 को पहली बार फ़्रांस ने चरमपंथी संगठन ISIS पर हवाई हमला किया.. फ्रांसीसी विमानों ने IS के उन ठिकानों पर हमला किया जिसकी पहचान पहले से ही की जा चुकी थी.. दसरा बड़ा हमला  9 अक्टूबर को शुरू किया गया.. इस हमले में IS के ट्रेनिंग कैंप को निशाना बनाया गया था.. जबकि तीसरा बड़ा हमला अब से 6 दिन पहले 8 नवंबर को किया गया था.. ये पहला मौका था जब फ्रांस ने IS के ट्रेनिंग कैंप को छोड़कर उन जगहों को निशाना बनाया जहां से IS के लड़ाकों को मदद पहुंचाया जाता था.. फ्रांस पर हुए ताजा हमले के बाद फ्रांस के राष्ट्रपति ओलांद सामने आए और साफ कर दिया कि आतंकियों को करारा जवाब दिया जाएगा.. हमले के फौरन बाद ही इमरजेंसी का ऐलान किया और अपने इरादे ज़ाहिर कर दिये..  फ्रांस्वा ओलांद ने कहा - हमारे ऊपर ये एक और बड़ा हमला हुआ है...हम जानते हैं कि खतरा कहां से है...हम जानते हैं कि अपराधी कौन हैं...हम जानते हैं कि आतंकी कौन हैं.. फ्रांस के नागरिको हमने अभी ऑपरेशन पूरा नहीं किया है...बड़ी कठिन वक्त है जब मैने सुरक्षा बलों को पेरिस के अंदर रेड डालने के लिये कहा है...मैं चाहता हूं कि आतंक को खत्म करने के लिये हमारे सिपाही जो भी कर रहे हैं उसके प्रति अपना भरोसा बनाए रखें"

इमरजेंसी के साथ साथ फ्रांस की सीमाओं को सील कर दिया गया है.. राष्ट्रपति ओलांद ने साफ कहा अब न तो कोई आतंकी अंदर घुस पाएगा और न ही कोई देश से बाहर जा पाएगा.. दरअसल फ्रांस पर हुए ताजा हमले को ISIS के आतंकी लंबे समय से अंजाम देने के फिराक में थे.. एक वीडियो में ISIS आतंकी ये कहते देखा गया कि
फ्रांस जाओ और वहां के लोगों के टुकड़े-टुकड़े कर दो.. चाहे पत्थर मिले या फिर चाकू.. जैसे भी हो हमला करो और बर्बाद कर दो
आतंकियों ने पेरिस की सड़कों पर खूनी खेल खेलते हुए सैकड़ों लोगों को मौत के घाट उतार दिया.. चंद मिनटों में 6 धमाके हुए.. और इन धमाकों के साथ ही पूरे शहर में अफरा-तफरी मच गई.. चशमदीदों के मुताबिक आतंकियों ने ये हमला सीरिया में फ्रांसिसी कार्रवाई के विरोध में किया था.. एक चश्मदीद ने कहा
फ्रांस पर हमले से ये साफ है कि ISIS अपने नापाक मंसूबे में कामयाब हो गया है.. अब देखना होगा कि फ्रांस और दुनिया के बाकी देश ISIS के खिलाफ किस तरह से खड़े होते हैं और दुनिया से आतंक का नामो निशान मिटाते हैं..

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